पाकिस्तान ने अफ़गानिस्तान के कई शहरों में एयरस्ट्राइक की हैं. काबुल में धमाकों की खबर के कुछ घंटे बाद, पाकिस्तानी सूचना मंत्री ने कहा कि पाकिस्तान ने अफ़गानिस्तान के कई शहरों में एयरस्ट्राइक की हैं और अफ़गान तालिबान सरकार के मिलिट्री ठिकानों पर बमबारी की है.
तालिबान के प्रवक्ता ज़बीहुल्लाह मुजाहिद ने पाकिस्तान पर काबुल, कंधार और पक्तिया के इलाकों पर हमला करने का आरोप लगाया.
मुजाहिद ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “डरपोक पाकिस्तानी सेना ने काबुल, कंधार और पक्तिया के कुछ इलाकों में एयरस्ट्राइक की हैं. अच्छी बात यह है कि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.”

एसोसिएटेड प्रेस के मुताबिक, शुक्रवार तड़के सुबह अफ़गान राजधानी में करीब तीन धमाके और हवाई जहाज़ों की आवाज़ सुनी गई. हताहतों या टारगेट की गई सही जगहों की तुरंत कोई पुष्टि नहीं हुई.
ये हमले अफ़गानिस्तान के उस बयान के कुछ घंटे बाद हुए हैं, जिसमें उसने कहा था कि उसने पिछले रविवार को अफ़गान सीमा के इलाकों में पाकिस्तानी एयरस्ट्राइक के बाद पाकिस्तान पर जवाबी बॉर्डर पार हमले किए हैं. अफगान सरकार ने अपने बयान में कहा था कि जवाबी हमलों में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और 19 पाकिस्तानी चौकियों पर कब्ज़ा कर लिया गया.
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‘हमले का जवाब हिम्मत से देंगे…’
अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करज़ई ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “पाकिस्तानी विमानों ने एक बार फिर काबुल, कंधार और पक्तिया पर बमबारी की. अफ़गान हर हाल में पूरी एकता के साथ अपने प्यारे वतन की हिफाजत करेंगे और हमले का जवाब हिम्मत से देंगे. पाकिस्तान खुद को हिंसा और बमबारी से आज़ाद नहीं कर सकता. ये वो समस्याएं हैं, जो उसने खुद खड़ी की हैं लेकिन उसे अपनी पॉलिसी बदलनी होगी और अफ़गानिस्तान के साथ अच्छे पड़ोसी, सम्मान और अच्छे रिश्तों का रास्ता चुनना होगा.”
दोनों तरफ से जारी किए गए बयान…
अफ़गानिस्तान के डिफेंस मिनिस्ट्री ने कहा, “विवादित डूरंड लाइन पर कई प्रांतों में जवाबी कार्रवाई हो रही है और दावा किया कि अफ़गान सेना ने एक दर्जन से ज़्यादा पाकिस्तानी सेना की चौकियों पर कब्ज़ा कर लिया है.”
पाकिस्तान ने इन दावों को खारिज करते हुए अफ़गानिस्तान की कार्रवाई को बिना उकसावे के बताया. इस्लामाबाद ने पहले कहा था कि उसके ऑपरेशन में सीमा पर आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाया गया था.
2,611 किलोमीटर लंबी डूरंड लाइन एक ऐसी सीमा, जिसे अफ़गानिस्तान ने औपचारिक रूप से मान्यता नहीं दी है. दोनों पड़ोसियों के बीच यही लाइन लंबे वक्त से टकराव का मुद्दा रही है. दोनों पक्षों ने हालिया तनाव में हताहतों के अलग-अलग आंकड़ों की जानकारी दी है. स्थिति अभी भी अस्थिर है और दोनों पक्षों में से कोई भी नुकसान या क्षति की स्वतंत्र रूप से वेरिफाइड जानकारी नहीं दे रहा है.
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