कांग्रेस ने अब तक क्यों नहीं किया प्रत्याशी के नाम का ऐलान, किस बात का डर?
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हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बुधवार को कहा कि राज्यसभा की एकमात्र सीट के लिए कांग्रेस उम्मीदवार का नाम गुरुवार को नामांकन दाखिल करते समय बताया जाएगा. सुक्

हिमाचल प्रदेश में राज्यसभा चुनाव के लिए गुरुवार को नामांकन दाखिल किया जाएगा.
शिमला. हिमाचल प्रदेश में राज्यसभा चुनाव के लिए गुरुवार को नामांकन दाखिल किया जाएगा. कांग्रेस ने जहां नामांकन के लिए विधायक दल की मीटिंग बुलाई है. वहीं, भाजपा इस चुनाव के लिए प्रत्याशी नहीं उतारेगी. क्योंकि उसके पास जीत के लिए पर्याप्त नंबर नहीं हैं. उधर, प्रियंका गांधी भी शिमला पहुंची है और कुछ दिन अपने छराबड़ा आवास में रहेंगे.
शिमला में होली पर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बुधवार को कहा कि राज्यसभा की एकमात्र सीट के लिए कांग्रेस उम्मीदवार का नाम गुरुवार को नामांकन दाखिल करते समय बताया जाएगा. सुक्खू ने होली के मौके पर यहां मीडिया से बात करते हुए कहा कि उम्मीदवार प्रदेश से ही होगा. राज्यसभा के लिए नामांकन की आखिरी तारीख 5 मार्च है और वोटिंग 16 मार्च को होगी. साल 2020 में निर्विरोध चुनी गईं भाजपा नेता इंदु गोस्वामी का छह साल का कार्यकाल खत्म हो रहा है, इसी वजह से ये चुनाव हो रहा है. सुक्खू ने कहा, ‘चुनाव को लेकर न तो कोई अनिश्चितता है और न ही कोई डर.’ उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को ‘पिछली बार की तरह बेचा नहीं जाएगा.’ हिमाचल प्रदेश की 68 सदस्यीय विधानसभा में कांग्रेस को साफ बहुमत मिला है, जिससे उसकी जीत तय मानी जा रही है.
भाजपा की तरफ से पूर्व सीएम जय़राम ठाकुर ने कहा कि भाजपा इस राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस को छेड़ने के मूड़ में नहीं है. यानी साफ है कि भाजपा इस चुनाव में प्रत्याशी नहीं उतारेगी.
कांग्रेस को अब भी सता रहा डर, इसलिए नहीं खोले पत्ते
गौर रहे कि पिछले राज्यसभा चुनाव में मिली हार का डर अब भी है, जहां 40 विधायकों और तीन निर्दलीय विधायकों के समर्थन के बावजूद कांग्रेस, भाजपा से हार गई थी. फरवरी 2024 में हुए पिछले चुनाव में भाजपा उम्मीदवार हर्ष महाजन ने कांग्रेस के अभिषेक मनु सिंघवी को हराया था. कांग्रेस के छह विधायकों ने भाजपा के पक्ष में वोट दिया था, जिससे मुकाबला बराबर हो गया था. तीनों निर्दलीय विधायकों ने भी कांग्रेस के खिलाफ वोट दिया था और दोनों उम्मीदवारों को 34-34 वोट मिले थे. अभी विधानसभा में कांग्रेस के 40 और भाजपा के 28 सदस्य हैं. हिमाचल प्रदेश कांग्रेस विधायक दल की बैठक 5 मार्च को बुलाई गई है. ऐसे में कांग्रेस ने इसी वजह से अब तक अपने प्रत्याशी के नाम का ऐलान नहीं किया है. क्योंकि भाजपा कांग्रेस के प्रत्याशी के नाम के ऐलान के बाद ही अपनी रणनीति पर काम कर रही थी. यदि कांग्रेस बाहरी प्रत्याशी उतारती तो भाजपा प्रत्याशी उतारने पर सोच सकती थी.
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Vinod Kumar Katwal, a Season journalist with 14 years of experience across print and digital media. I have worked with some of India’s most respected news organizations, including Dainik Bhaskar, IANS, Punjab K…और पढ़ें
