नई दिल्ली: देश के अन्नदाताओं के लिए आने वाला ‘खरीफ सीजन 2026’ बड़ी अग्निपरीक्षा लेकर आया है. एक तरफ खेतों के लिए 390.54 LMT उर्वरक की भारी-भरकम जरूरत है तो दूसरी तरफ सरकारी तिजोरी में फिलहाल मांग का महज 46% (180 LMT) हिस्सा ही उपलब्ध है. इस भारी अंतर ने कृषि मंत्रालय की रातों की नींद उड़ा दी है. युद्ध के बीच खाद और एलपीजी सिलेडर व पेट्रोल-डीजल की किल्लत के इस चक्रव्यूह में फंसी केंद्र सरकार अब ‘एक्शन मोड’ में है. युद्ध स्तर पर उर्वरकों की कालाबाजारी रोकने के लिए पंचायत स्तर पर कड़ा पहरा बिठा दिया गया है. बुधवार को आयोजित इंटर-मिनिस्ट्रियल प्रेस कॉन्फ्रेंस में कृषि, पेट्रोलियम और विदेश मंत्रालय के अधिकारियों ने देश की मौजूदा स्थिति और भविष्य की योजनाओं पर सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसानों को खाद और बीज की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी. साथ ही पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों और आपूर्ति को लेकर भी पैनिक न होने की सलाह दी गई है.
किसानों के लिए बड़ी राहत
सरकार ने खरीफ 2026 के लिए राज्यों के साथ मिलकर उर्वरकों की जरूरत का आकलन पूरा कर लिया है.
· खाद की उपलब्धता: सीजन के लिए कुल 390.54 LMT उर्वरक की आवश्यकता है जिसके मुकाबले 180 LMT (46%) का शुरुआती स्टॉक पहले से उपलब्ध है.
· निगरानी समिति: खाद की कालाबाजारी और गैर-कृषि उपयोग को रोकने के लिए पंचायत स्तर पर निगरानी समिति का गठन किया गया है.
· डिजिटल एकीकरण: मध्य प्रदेश, हरियाणा और तेलंगाना जैसे राज्यों ने उर्वरक बिक्री को किसान डेटाबेस से जोड़ दिया है. अब तक 19 राज्यों में किसान ID बनाने का काम शुरू हो चुका है.
· बीज का स्टॉक: आगामी सीजन के लिए 166.46 लाख क्विंटल बीज की जरूरत है जो पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है. बीजों को सुखाने के लिए पेट्रोलियम मंत्रालय LPG की निर्बाध आपूर्ति कर रहा है.
पेट्रोलियम और एलपीजी
देश में ईंधन की स्थिति को लेकर सरकार ने आम जनता को आश्वस्त किया है:
· स्थिर दाम: पेट्रोल और डीजल के दामों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है. सरकार ने एक्साइज ड्यूटी कम कर कीमतों को नियंत्रित रखा है.
· पैनिक बाइंग से बचें: अधिकारियों ने कहा कि देश के पास पर्याप्त डीजल-पेट्रोल का स्टॉक है इसलिए लोग घबराकर खरीदारी न करें.
· LPG रिकॉर्ड: कल एक ही दिन में 60 लाख सिलेंडर डिलीवर किए गए. घरेलू उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है. मार्च महीने में 2 लाख से ज्यादा नए कनेक्शन दिए गए हैं.
विदेश मंत्रालय और शिपिंग
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और भारतीयों की सुरक्षा पर अपडेट दिया:
· ईरान से वापसी: ईरान में रह रहे 1171 भारतीयों को आर्मेनिया और अजरबैजान के रास्ते सुरक्षित वापस लाया गया है.
· राजनयिक वार्ता: प्रधानमंत्री ने नीदरलैंड के पीएम से शांति को लेकर बात की है, वहीं विदेश मंत्री ने पुर्तगाल के अपने समकक्ष से चर्चा की.
· पोर्ट्स की स्थिति: शिपिंग मंत्रालय के अनुसार देश के सभी बंदरगाह सामान्य रूप से काम कर रहे हैं.
सवाल-जवाब
खरीफ 2026 के लिए खाद की कुल कितनी जरूरत बताई गई है?
राज्यों के परामर्श के बाद कुल 390.54 LMT उर्वरक की आवश्यकता का आकलन किया गया है.
क्या पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ रहे हैं?
नहीं, भारत सरकार ने एक्साइज ड्यूटी कम की है और कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है.
ईरान से कितने भारतीयों को वापस लाया गया है?
ईरान में रह रहे 1171 भारतीयों को सुरक्षित रूप से वापस लाया गया है.
खाद की कालाबाजारी रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
इसके लिए देशभर में प्रवर्तन अभियान चलाया जा रहा है और पंचायत स्तर पर ‘निगरानी समिति’ बनाई गई है.
