पश्चिम बंगाल विधानसभा के विपक्ष के सांसद शुभेंदु अधिकारी हावड़ा जिले के बाली विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के रोड शो में टीएमसी कार्यकर्ताओं पर भड़क गए। उन्होंने टीएमसी कार्यकर्ताओं पर बाधा डालने का आरोप लगाया। यह रोड शो भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) उम्मीदवार संजय सिंह के समर्थन में आयोजित किया गया था।
शुभेंदु रैली में टीएमसी कार्यकर्ताओं पर जमकर बरसते नजर आए, जब वे ‘जय बांग्ला’ समेत कई नारे लगा रहे थे। अधिकारी नंदीग्राम और भवानीपुर दोनों निर्वाचन क्षेत्रों से भाजपा के उम्मीदवार हैं।
ये भी पढ़ें: विपक्ष करेगा महिला आरक्षण बिल का विरोध: मल्लिकार्जुन खरगे बोले- नीयत में खोट है, यह सिर्फ चुनावी पैंतरा
घटना पर शुभेंदु अधिकारी ने क्या कहा?
शुभेंदु अधिकारी ने कहा, मैं करीब पांच हजार समर्थकों के साथ शांतिपूर्ण तरीके से चुनाव प्रचार कर रहा था। लेकिन टीएमसी के कुछ समर्थकों ने जानबूझकर भड़काऊ नारे लगाए और माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। मैं बाली थाने के प्रभारी अधिकारी को तत्काल हटाने की मांग करता हूं।
#WATCH | West Bengal Assembly LoP Suvendu Adhikari loses his cool at TMC workers interrupting the BJP road show in the Bali assembly constituency of Howrah district, organised in support of BJP candidate Sanjay Singh.
Adhikari, the BJP candidate for both the Nandigram and… pic.twitter.com/hIoqnzY8Du
— ANI (@ANI) April 15, 2026
पहले चरण में केंद्रीय बलों की 2,407 कंपनियां
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष बनाने के लिए निर्वाचन आयोग ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। 23 अप्रैल को होने वाले मतदान के लिए आयोग ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों की 2,407 कंपनियां तैनात करने का निर्णय लिया है। मतदाताओं में विश्वास जगाने के लिए सुरक्षा बलों ने संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च शुरू कर दिया है।
मुर्शिदाबाद और पूर्व मेदिनीपुर पर विशेष नजर
सुरक्षा के लिहाज से मुर्शिदाबाद जिले को सबसे संवेदनशील माना गया है, जहां सर्वाधिक 316 कंपनियां तैनात होंगी। इसमें मुर्शिदाबाद पुलिस जिले में 240 और जंगीपुर में 76 कंपनियां मोर्चा संभालेंगी। पिछले वर्षों में एनआरसी और वक्फ कानून के विरोध के दौरान हुई हिंसा को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। दूसरे नंबर पर पूर्व मेदिनीपुर जिला है, जहां 273 कंपनियां तैनात की जाएंगी। नंदीग्राम सीट के कारण यह क्षेत्र राजनीतिक रूप से बेहद अहम है।
