मणिपुर में शांति बहाली की दिशा में सुरक्षा बलों ने एक बड़ी सफलता हासिल की है. भारतीय सेना, असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर उग्रवादी संगठनों के तीन सक्रिय कैडरों को दबोच लिया है. यह कार्रवाई इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर काकचिंग, चंदेल और तेंगनौपाल जिलों में की गई. पकड़े गए उग्रवादी घाटी और पहाड़ी दोनों क्षेत्रों के संगठनों से जुड़े हैं. मणिपुर में जारी तनाव के बीच उग्रवादी समूहों की सक्रियता सुरक्षा बलों के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है. ताजा ऑपरेशंस से यह साफ है कि सुरक्षा बल अब जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रहे हैं. घने जंगलों और दलदली इलाकों में चलाए गए इन ऑपरेशंस में न केवल गिरफ्तारियां हुई हैं बल्कि भारी मात्रा में युद्ध जैसा सामान बरामद किया गया है, जो किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है. इन बरामदगियों से उग्रवादियों के नेटवर्क को तगड़ा झटका लगा है.
ऑपरेशन की 5 बड़ी बातें
· संयुक्त स्ट्राइक: स्पीयर कॉर्प्स के तहत भारतीय सेना, असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस ने 19 से 25 अप्रैल के बीच यह विशेष अभियान चलाया.
· 3 उग्रवादी गिरफ्तार: गिरफ्तार किए गए कैडरों में प्रतिबंधित संगठन PREPAK (Pro) और PLA (People’s Liberation Army) के सदस्य शामिल हैं.
· हथियारों का जखीरा: तलाशी अभियान के दौरान 6 अत्याधुनिक हथियार, राइफलें, कार्बाइन और भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद किए गए.
· IED और बम बरामद: तेंगनौपाल के जंगलों से 4 आईईडी (IED) और चंदेल के दलदली इलाकों से 7 बम और 3 ग्रेनेड बरामद कर बड़ी साजिश को नाकाम किया गया.
· कम्युनिकेशन नेटवर्क ध्वस्त: सुरक्षा बलों ने उग्रवादियों के पास से 7 रेडियो सेट भी जब्त किए हैं, जिनका इस्तेमाल वे आपसी संपर्क के लिए करते थे.
सवाल-जवाब
मणिपुर में यह संयुक्त ऑपरेशन किन जिलों में चलाया गया?
सुरक्षा बलों ने मणिपुर के काकचिंग, चंदेल और तेंगनौपाल जिलों में खुफिया जानकारी के आधार पर यह सटीक ऑपरेशन चलाया.
सुरक्षा बलों ने किन उग्रवादी संगठनों के सदस्यों को गिरफ्तार किया है?
इस ऑपरेशन के दौरान PREPAK (Pro) और PLA (पीपुल्स लिबरेशन आर्मी) जैसे समूहों के 3 सक्रिय कैडरों को गिरफ्तार किया गया है.
तलाशी अभियान के दौरान किस तरह के हथियार और गोला-बारूद मिले हैं?
ऑपरेशन में 6 हथियार (राइफल, कार्बाइन), 4 पोम्पी (Pompi), 4 आईईडी, 7 बम, 3 ग्रेनेड और 7 रेडियो सेट बरामद किए गए हैं.
चंदेल जिले में यह ऑपरेशन किस तरह के इलाके में चलाया गया?
चंदेल के खोंगकोट गांव के पास घने और दलदली जंगलों में पुलिस और असम राइफल्स ने संयुक्त रूप से इस कठिन ऑपरेशन को अंजाम दिया.
